वचन (Vachan In Hindi): दोस्तों आज का यह लेख बहुत ही खास होने वाला है | आज के इस लेख में हम हिंदी व्याकरण का एक महत्वपूर्ण विषय “वचन” के बारे में जानने वाले है | आपने स्कूली शिक्षा के दौरान वचन के बारे में ज़रूर पढा होगा | और आपने अपनी परीक्षा में वचन से सम्बंधित प्रश्नो को ज़रूर से हल किया होगा | आज भी हम वचन से संबंद्धित प्रश्नो के हल करेंगे | लेकिन उससे पहले हम यह जान लेते है की
- वचन किसे कहते है ?
- वचन कितने भेद होते है ?
- एकवचन से बहुवचन बनाने के नियम क्या-क्या है?
- वचन के क्या-क्या नियम होते हैं?
अगर आप भी बाकी विद्यार्थियों की तरह इन सभी प्रश्नो के उत्तर जानने के लिए उत्सुक है तो इस लेख को अंत तक पढ़िए | आपको आपके सारे सवालों का जवाब मिल जाएंगे | तो चलिए अब हम एक लेख की शुरुआत करते है |
वचन किसे कहते है ? वचन की परिभाषा क्या है ?
“हिंदी व्याकरण में ‘वचन’ उस रूप को कहते हैं, जिसके माध्यम से यह ज्ञात होता है कि संज्ञा, सर्वनाम या विशेषण किसी एक वस्तु/व्यक्ति के लिए प्रयुक्त हुआ है या एक से अधिक के लिए।”
“दूसरे शब्दों में, वचन से हमें यह पता चलता है कि कोई व्यक्ति या वस्तु एक है या अनेक।”
- जैसे –राम स्कूल गया। – यहाँ राम केवल एक व्यक्ति है, इसलिए यह एकवचन है।
- बच्चे पार्क में खेल रहे हैं। – यहाँ बच्चे एक से अधिक हैं, इसलिए बहुवचन है।
- यह किताब मेरी है। – यहाँ किताब केवल एक है, इसलिए एकवचन है।
- वे किताबें बहुत रोचक हैं। – यहाँ किताबें कई हैं, इसलिए बहुवचन है।
- वह लड़की गाना गा रही है। – यहाँ लड़की केवल एक है, इसलिए एकवचन है।
- लड़कियाँ नृत्य कर रही हैं। – यहाँ लड़कियाँ कई हैं, इसलिए बहुवचन है।
- यह फूल बहुत सुंदर है। – यहाँ फूल केवल एक है, इसलिए एकवचन है।
- ये फूल बगीचे में खिले हैं। – यहाँ फूल कई हैं, इसलिए बहुवचन है।
- पंछी उड़ रहा है। – यहाँ पंछी एक है, इसलिए एकवचन है।
- पंछी आसमान में उड़ रहे हैं। – यहाँ पंछी कई हैं, इसलिए बहुवचन है।
वचन के कितने भेद होते है ? Types of Singular and Plural
हिंदी व्याकरण में वचन के दो भेद होते है : एकवचन और बहुवचन | अब हम एकवचन और बहुवचन के बारे में उदाहरण के साथ विस्तार से समझते है |
एकवचन किसे कहते है ?
जिस शब्द से हमें किसी एक व्यक्ति या एक वस्तु की संख्या का पता चले उसे एकवचन कहते है |
एकवचन के उदाहरण
- लड़का
- किताब
- पेड़
- बच्चा
- फूल
- गिलास
- पक्षी
- कुर्सी
- नदी
- घर
बहुवचन किसे कहते है ?
“इसके विपरीत, जिस शब्द से हमें एक से अधिक व्यक्ति या वस्तु का बोध हो, उसे बहुवचन कहते हैं।”
बहुवचन के उदाहरण
- लड़के
- किताबें
- पेड़ (पेड़ों)
- बच्चे
- फूल (फूलों)
- गिलास (गिलासों)
- पक्षी (पक्षियों)
- कुर्सियाँ
- नदियाँ
- घर (घरों)
वाक्यों में एकवचन और बहुवचन का प्रयोग
| क्रमांक | एकवचन वाक्य | बहुवचन वाक्य |
| 1 | वह लड़का खेल रहा है। | वे लड़के खेल रहे हैं। |
| 2 | यह किताब नई है। | ये किताबें नई हैं। |
| 3 | यह पेड़ ऊँचा है। | ये पेड़ ऊँचे हैं। |
| 4 | बच्चा सो रहा है। | बच्चे सो रहे हैं। |
| 5 | यह फूल सुंदर है। | ये फूल सुंदर हैं। |
| 6 | गिलास पानी से भरा है। | गिलास पानी से भरे हैं। |
| 7 | पक्षी उड़ रहा है। | पक्षी उड़ रहे हैं। |
| 8 | यह कुर्सी आरामदायक है। | ये कुर्सियाँ आरामदायक हैं। |
| 9 | नदी शांत बह रही है। | नदियाँ शांत बह रही हैं। |
| 10 | यह घर बड़ा है। | ये घर बड़े हैं। |
| 11 | वह आदमी तेज चल रहा है। | वे आदमी तेज चल रहे हैं। |
| 12 | यह गेंद लाल है। | ये गेंदें लाल हैं। |
| 13 | गाय घास खा रही है। | गाएँ घास खा रही हैं। |
| 14 | यह बच्ची गाना गा रही है। | ये बच्चियाँ गाना गा रही हैं। |
| 15 | वह पहाड़ ऊँचा है। | वे पहाड़ ऊँचे हैं। |
| 16 | यह बर्तन साफ है। | ये बर्तन साफ हैं। |
| 17 | लड़की किताब पढ़ रही है। | लड़कियाँ किताब पढ़ रही हैं। |
| 18 | यह जानवर जंगल में रहता है। | ये जानवर जंगल में रहते हैं। |
| 19 | यह टोपी नीली है। | ये टोपियाँ नीली हैं। |
| 20 | वह बच्चा मिठाई खा रहा है। | वे बच्चे मिठाई खा रहे हैं। |
वचन का परिवर्तन और वचन परिवर्तन के नियम
वचन परिवर्तन का अर्थ है एकवचन को बहुवचन में परिवर्तित करना | अब हम जानेंगे की कैसे एकवचन शब्द को बहुवचन शब्द में बदल सकते है | वचन बदलने के क्या-क्या नियम होते है ? कई बार परीक्षा में यह सवाल आता है की इस शब्द का ” वचन-बदलो ” जिसकी वजह से कई छात्र इसमें भर्मित हो जाते है | आपकी जानकारी के लिए बता दू की “वचन परिवर्तन ” को ही “वचन बदलो'” कहा जाता है |
हिंदी भाषा में वचन के नियम यह बताते हैं कि कब शब्द को एकवचन और कब बहुवचन रूप में इस्तेमाल करना चाहिए।
1. सम्मानित व्यक्तियों के लिए बहुवचन का प्रयोग
जब हम किसी आदरणीय व्यक्ति का ज़िक्र करते हैं, तो आदर व्यक्त करने के लिए बहुवचन का प्रयोग किया जाता है, भले ही बात एक ही व्यक्ति की हो।
उदाहरण:
- नेहरूजी विदेश यात्रा पर गए थे।
- माताजी मंदिर में आईं।
- डॉक्टर साहब मीटिंग में पहुँचे।
- पिताजी दिल्ली से लौटे।
2. रिश्तों के नाम में वचन का समान प्रयोग
परिवार और रिश्तेदारों के नाम कई बार एकवचन और बहुवचन दोनों में समान रहते हैं।
उदाहरण:
- चाचा गाँव गए हैं।
- मामी घर पर हैं।
- दादी बहुत खुश हैं।
3. पदार्थसूचक संज्ञाओं का एकवचन प्रयोग
तेल, पानी, दूध जैसे पदार्थों के नाम आमतौर पर केवल एकवचन में ही प्रयोग होते हैं।
उदाहरण:
- पानी ठंडा है।
- दूध उबल रहा है।
- तेल खत्म हो गया।
4. कुछ शब्द हमेशा बहुवचन में ही प्रयोग होते हैं
कुछ संज्ञाएँ केवल बहुवचन रूप में आती हैं।
उदाहरण:
- आपके विचार अच्छे हैं।
- मेरे कपड़े साफ हैं।
- बच्चे खेल में व्यस्त हैं।
- समाचार रोचक है।
5. कुछ शब्द दोनों वचनों में समान रहते हैं
कुछ पुल्लिंग शब्द जैसे ‘सिपाही’, ‘मुनि’ आदि, एकवचन और बहुवचन दोनों में एक जैसे रहते हैं।
उदाहरण:
- एक सिपाही दरवाज़े पर है।
- पाँच सिपाही मैदान में खड़े हैं।
6. बड़ेपन या औपचारिकता के लिए बहुवचन
कभी-कभी लोग अपने लिए ‘हम’ और सामने वाले के लिए ‘वे’ का प्रयोग करते हैं, ताकि औपचारिकता या आदर बना रहे।
उदाहरण:
- हम कल सम्मेलन में जाएँगे।
- वे अब आराम कर रहे हैं।
7. आदर में ‘तुम’ की जगह ‘आप’ का प्रयोग
सम्मानपूर्वक संबोधित करने के लिए ‘तुम’ के स्थान पर ‘आप’ का प्रयोग किया जाता है।
उदाहरण:
- आप कहाँ से आ रहे हैं?
- आप कब घर पहुँचेंगे?
8. जातिवाचक संज्ञा का दोनों वचनों में प्रयोग
कुत्ता, शेर जैसी जातिवाचक संज्ञाएँ एकवचन और बहुवचन दोनों रूपों में आती हैं।
उदाहरण:
- शेर जंगल में है।
- शेर जंगल में घूम रहे हैं।
9. धातु के नाम एकवचन में
सोना, चाँदी, लोहा जैसी धातुओं के नाम एकवचन में प्रयोग होते हैं।
उदाहरण:
- यह अंगूठी सोने की है।
- ताजमहल संगमरमर का बना है।
10. गुणवाचक और भाववाचक संज्ञाओं का दोनों वचनों में प्रयोग
खूबी, कमजोरी, ईमानदारी जैसी संज्ञाएँ एकवचन और बहुवचन दोनों में आती हैं।
उदाहरण:
- उसकी ईमानदारी प्रसिद्ध है।
- इन खिलाड़ियों में कई खूबियाँ हैं।
11. ‘हर’, ‘प्रत्येक’, ‘हर एक’ का केवल एकवचन प्रयोग
इन शब्दों के बाद संज्ञा हमेशा एकवचन में आती है।
उदाहरण:
- हर छात्र समय पर आया।
- प्रत्येक फूल ताज़ा है।
12. समूहवाचक संज्ञा का एकवचन प्रयोग
जो शब्द समूह का बोध कराते हैं, वे प्रायः एकवचन में आते हैं।
उदाहरण:
- भेड़ों का झुंड खेत में है।
- गायक मंडली प्रस्तुति दे रही है।
13. कई समूहों के लिए बहुवचन प्रयोग
अगर कई समूह हों, तो समूहवाचक संज्ञा बहुवचन में प्रयोग होती है।
उदाहरण:
- गाँव में कई टोलियाँ नाच रही हैं।
- कई सेनाएँ युद्ध में उतरीं।
14. शरीर के अंगों का बहुवचन और ‘एक’ के साथ एकवचन
जब एक से अधिक अंग हों तो बहुवचन, और केवल एक का ज़िक्र हो तो ‘एक’ लगाकर एकवचन प्रयोग होता है।
उदाहरण:
- मेरे दाँत साफ हैं।
- मेरा एक दाँत टूट गया।
- उसकी एक आँख में चोट है।
15. मौसम या अवस्था से जुड़े शब्दों का बहुवचन प्रयोग
जैसे गर्मी, ठंड, भूख, प्यास आदि का प्रयोग बहुवचन में होता है।
उदाहरण:
- यात्रियों को गर्मियाँ परेशान कर रही हैं।
- मजदूर भूखों मर रहे हैं।
16. कुछ शब्द बहुवचन सूचक शब्दों के साथ
कभी-कभी एकवचन संज्ञा के साथ ‘गण’, ‘लोग’, ‘दल’, ‘जाति’ आदि जोड़कर बहुवचन बनाया जाता है।
उदाहरण:
- विद्यार्थीगण परीक्षा में बैठे हैं।
- मजदूर लोग सड़क बना रहे हैं।
एकवचन से बहुवचन बनाने के नियम क्या-क्या है ?
1. ‘आ’ पर समाप्त होने वाले पुल्लिंग शब्द → अंत में ‘ए’ लगाकर बहुवचन
उदाहरण:
- लड़का → लड़के
- बच्चा → बच्चे
- राजा → राजे
- दुकानदार → दुकानदार
- चाचा → चाचे
- गहना → गहने
- सिपाही → सिपाही
- माली → माली
- रिक्शावाला → रिक्शावाले
- पहलवान → पहलवान
- किसान → किसान
- गायक → गायक
- पंडित → पंडित
- रिक्शावाला → रिक्शावाले
- फलवाला → फलवाले
- दूधवाला → दूधवाले
- मछुआरा → मछुआरे
- अध्यापक → अध्यापक
- डॉक्टर → डॉक्टर
- दरबान → दरबान
2. ‘ई’ पर समाप्त होने वाले स्त्रीलिंग शब्द → ‘याँ’ लगाकर बहुवचन
(‘ई’ की मात्रा हटाकर ‘याँ’ लगाएँ)
उदाहरण:
- लड़की → लड़कियाँ
- चिड़िया → चिड़ियाँ
- नानी → नानियाँ
- बहूजी → बहूजियाँ
- पत्नी → पत्नियाँ
- रानी → रानियाँ
- मुनिया → मुनियाँ
- परी → परियाँ
- अध्यापिका → अध्यापिकाएँ
- मछली → मछलियाँ
- सहेली → सहेलियाँ
- बुआजी → बुआजियाँ
- मौसी → मौसियाँ
- नर्तकी → नर्तकियाँ
- सखी → सखियाँ
- सेविका → सेविकाएँ
- सचिवी → सचिवियाँ
- गायिका → गायिकाएँ
- बहिनजी → बहिनजियाँ
- शिक्षिका → शिक्षिकाएँ
3. ‘अ’ पर समाप्त होने वाले स्त्रीलिंग शब्द → ‘एँ’ लगाकर बहुवचन
उदाहरण:
- माता → माताएँ
- बहना → बहनाएँ
- नेता → नेताएँ
- महिला → महिलाएँ
- काकी → काकियाँ
- बुआ → बुआएँ
- अध्यक्षा → अध्यक्षाएँ
- राधा → राधाएँ
- सीमा → सीमाएँ
- सिमा → सिमाएँ
- पूजा → पूजाएँ
- सभा → सभाएँ
- घटना → घटनाएँ
- विद्या → विद्याएँ
- शिक्षा → शिक्षाएँ
- कला → कलाएँ
- दवा → दवाएँ
- लीला → लीलाएँ
- कथा → कथाएँ
- कक्षा → कक्षाएँ
4. स्वरांत शब्द (अंत में स्वर) → रूप समान रहता है
उदाहरण:
- पानी → पानी
- दूध → दूध
- मक्खन → मक्खन
- तेल → तेल
- घी → घी
- शहद → शहद
- चावल → चावल
- आटा → आटा
- लोहा → लोहा
- चना → चना
- गेहूँ → गेहूँ
- बाजरा → बाजरा
- मसूर → मसूर
- अरहर → अरहर
- मटर → मटर
- चीनी → चीनी
- नमक → नमक
- सोना → सोना
- चाँदी → चाँदी
- लोहे → लोहे
5. व्यंजनांत शब्द → ‘ए’ या ‘ओं’ लगाकर बहुवचन
उदाहरण:
- कमरा → कमरे
- घर → घरों
- शहर → शहरों
- गुलाब → गुलाबों
- पहाड़ → पहाड़ों
- बाग → बागों
- खेत → खेतों
- मकान → मकानों
- कप → कपों
- दरवाज़ा → दरवाज़े
- झरना → झरने
- तालाब → तालाबों
- जंगल → जंगलों
- पुल → पुलों
- स्टेशन → स्टेशनों
- मंदिर → मंदिरों
- बाजार → बाज़ारों
- मैदान → मैदानों
- होटल → होटलों
- कुर्सी → कुर्सियों
6. विदेशी (अंग्रेज़ी) शब्द → रूप समान या ‘एँ/ओं’ जोड़ना
उदाहरण:
- पेन → पेन
- बस → बसें
- टिकट → टिकटें
- कंप्यूटर → कंप्यूटर
- डॉक्टर → डॉक्टर
- मोबाइल → मोबाइल
- टीवी → टीवी
- कैमरा → कैमरे
- प्रोजेक्टर → प्रोजेक्टर
- लैपटॉप → लैपटॉप
- ट्रेन → ट्रेनें
- स्कूल → स्कूल
- कॉलेज → कॉलेज
- होटल → होटल
- क्लब → क्लब
- पैंट → पैंटें
- शर्ट → शर्टें
- ब्लैकबोर्ड → ब्लैकबोर्ड
- नोटबुक → नोटबुकें
- कार → कारें
7. विशेषण का वचन परिवर्तन (संज्ञा के अनुसार)
उदाहरण:
- बड़ा लड़का → बड़े लड़के
- छोटा बच्चा → छोटे बच्चे
- लंबा पेड़ → लंबे पेड़
- नीला आसमान → नीले आसमान
- सुंदर फूल → सुंदर फूल
- प्यारी बिल्ली → प्यारी बिल्लियाँ
- अच्छी किताब → अच्छी किताबें
- स्वादिष्ट मिठाई → स्वादिष्ट मिठाइयाँ
- साफ कमरा → साफ कमरे
- चमकीला गहना → चमकीले गहने
- गरम रोटी → गरम रोटियाँ
- ठंडा पानी → ठंडे पानी
- ऊँचा पहाड़ → ऊँचे पहाड़
- चौड़ी सड़क → चौड़ी सड़कें
- नया मोबाइल → नए मोबाइल
- पुराना मकान → पुराने मकान
- महंगा कपड़ा → महंगे कपड़े
- हल्की हवा → हल्की हवाएँ
- भारी बैग → भारी बैग
- मोटा कुशन → मोटे कुशन
8. अनियमित बहुवचन (रूप बदल जाता है)
उदाहरण:
- पुरुष → पुरुष
- मनुष्य → मनुष्यगण
- देव → देवगण
- साधु → साधुगण
- गुरु → गुरुगण
- ब्राह्मण → ब्राह्मणगण
- अतिथि → अतिथिगण
- मंत्री → मंत्रिगण
- विद्यार्थी → विद्यार्थिगण
- कलाकार → कलाकारगण
- योद्धा → योद्धागण
- सेवक → सेवकगण
- नागरिक → नागरिकगण
- सैनिक → सैनिकगण
- लेखक → लेखकगण
- अधिकारी → अधिकारियों
- पंडित → पंडितगण
- व्यापारी → व्यापारिगण
- वकील → वकीलगण
- कवि → कविगण
एकवचन के स्थान पर बहुवचन का प्रयोग
हिंदी में कई बार एकवचन शब्दों की जगह बहुवचन शब्दों का प्रयोग विशेष कारणों से किया जाता है। इसके प्रमुख कारण और उदाहरण निम्न हैं—
1. आदर या सम्मान व्यक्त करने के लिए
जब किसी व्यक्ति के प्रति आदर या सम्मान प्रकट करना हो, तो एकवचन के स्थान पर बहुवचन का प्रयोग किया जाता है।
उदाहरण:
- महात्मा गांधी सादगी के प्रतीक थे।
- गुरुजी आज विद्यालय में उपस्थित नहीं हुए।
- शिवाजी महान पराक्रमी योद्धा थे।
- पंडित जी की वाणी अत्यंत मधुर थी।
- दादीजी बचपन में बहुत कहानियाँ सुनाती थीं।
2. बड़प्पन या औपचारिकता दर्शाने के लिए
कुछ लोग अपने लिए ‘हम’ और दूसरों के लिए ‘वे’ जैसे बहुवचन शब्दों का प्रयोग करते हैं, ताकि औपचारिकता और सम्मान बना रहे।
उदाहरण:
6. मालिक ने कहा—हम थोड़ी देर में बैठक में शामिल होंगे।
7. प्रधान जी ने कहा—हम इस विषय पर विचार करेंगे।
8. मेरे गुरुजी बहुत ही विनम्र स्वभाव के हैं।
9. डॉक्टर साहब कह रहे थे—हम जल्द ही मरीज को देखेंगे।
10. पिताजी बोले—हम तुम्हें कल मेला दिखाने ले चलेंगे।
3. कुछ शब्द जो सामान्यतः बहुवचन रूप में ही प्रयुक्त होते हैं
जैसे—केश, अश्रु, प्राण, लोग, दर्शक, समाचार, दाम, होश, भाग्य आदि।
उदाहरण:
- उसके केश बहुत घने हैं।
- लोगों की भीड़ बाजार में जमा हो गई।
- समाचार अभी-अभी प्राप्त हुए हैं।
- उसके प्राण संकट में हैं।
- दर्शक खेल का आनंद ले रहे थे।
बहुवचन के स्थान पर एकवचन का प्रयोग
कई स्थितियों में बहुवचन शब्दों की जगह एकवचन का प्रयोग किया जाता है। इसके कुछ सामान्य कारण और उदाहरण इस प्रकार हैं—
1. सभ्य संबोधन में ‘तुम’ का प्रयोग
‘तू’ एकवचन है, परंतु शिष्टाचारवश एकवचन के लिए भी ‘तुम’ का प्रयोग किया जाता है।
उदाहरण:
- दोस्त, तुम कब लौटे?
- क्या तुमने नाश्ता कर लिया?
- तुम आज बहुत खुश दिख रहे हो।
- क्या तुम बाज़ार जाओगे?
- तुम मेरे सबसे अच्छे मित्र हो।
2. समूहवाचक शब्द एकवचन में प्रयुक्त होते हैं
‘दल’, ‘वृंद’, ‘गण’, ‘जाति’ आदि शब्द अनेकता का बोध कराते हैं, फिर भी व्याकरण की दृष्टि से एकवचन की तरह प्रयुक्त होते हैं।
उदाहरण:
6. पुलिस दल ने अपराधी को पकड़ लिया।
7. गायक वृंद ने सुंदर प्रस्तुति दी।
8. विद्यार्थी गण ध्यान से सुन रहे थे।
9. मजदूर वर्ग मेहनत कर रहा है।
10. स्त्री जाति ने समाज में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
3. जातिवाचक शब्दों का एकवचन प्रयोग
जब किसी जाति, पदार्थ या वस्तु के सामान्य रूप की बात हो, तो एकवचन का प्रयोग होता है।
उदाहरण:
- सोना मूल्यवान धातु है।
- गेहूँ भारत की मुख्य फसल है।
- आम फल बहुत स्वादिष्ट होता है।
- कपास से कपड़ा बनाया जाता है।
- चावल मुख्य भोजन का हिस्सा है।
विभक्ति (परसर्ग) युक्त वाक्यों का वचन परिवर्तन
1. अकारांत, आकारांत और एकारांत संज्ञाओं का परिवर्तन
जब इन संज्ञाओं के अंत में अ, आ, ए हो, तो बहुवचन बनाने के लिए इनकी जगह “ओं” जोड़ते हैं। परसर्ग (ने, को, का, से, में, पर आदि) होने पर भी यही नियम लागू होता है।
नए उदाहरण:
किसान ने खेत जोता → किसानों ने खेत जोता।
- बच्चे को मिठाई दो → बच्चों को मिठाई दो।
- पहाड़ का दृश्य सुंदर है → पहाड़ों का दृश्य सुंदर है।
- मेले से खिलौना लो → मेलों से खिलौना लो।
- पंडित ने कथा सुनाई → पंडितों ने कथा सुनाई।
- कुत्ते को खाना दो → कुत्तों को खाना दो।
- लड़के ने खेल खेला → लड़कों ने खेल खेला।
- तालाब का पानी साफ है → तालाबों का पानी साफ है।
- ग्राहक से बात करो → ग्राहकों से बात करो।
- छात्र ने प्रश्न हल किया → छात्रों ने प्रश्न हल किया।
2. संस्कृत की आकारांत और हिंदी की उकारांत, ऊकारांत, अकारांत, औकारांत संज्ञाओं का परिवर्तन
इन शब्दों के अंत में “ओं” जोड़कर बहुवचन बनाते हैं। यदि शब्द में “ऊ” है तो उसे “उ” में बदल देते हैं।
नए उदाहरण:
- रमा → रमाओं
- साधु → साधुओं
- भू → भुओं
- बगीचा → बगीचों
- हल → हलों
- पत्थर → पत्थरों
- जौ → जौओं
- बटू → बटुओं
- दवा → दवाओं
- गुरु → गुरुओं
3. इकारांत और ईकारांत संज्ञाओं का परिवर्तन
इनमें बहुवचन बनाने के लिए शब्द के अंत में “यों” जोड़ते हैं और “ई” को “इ” में बदलते हैं।
नए उदाहरण:
- साधुनी → साधुनियों
- गली → गलियों
- नदी → नदियों
- कहानी → कहानियों
- मेहंदी → मेहंदियों
- झील → झीलों (यहाँ “ई” नहीं बदली, लेकिन बहुवचन नियम लागू हुआ)
- कुंजी → कुंजियों
- दादी → दादियों
- रानी → रानियों
- पढ़ाई → पढ़ाइयों














